ADV2
adv Ftr

'ओल्ड वर्ल्ड थियेटर फेस्टिवल' का 17वां संस्करण 20 अक्टूबर से

 

नई दिल्ली, 05 अक्टूबर (हि.स.)। दिल्ली के सबसे पुराने और प्रतिष्ठित रंगमंच महोत्सवों में से एक ‘ओल्ड वर्ल्ड थिएटर फेस्टिवल’ का 17वां संस्करण इंडिया हैबिटेट सेंटर (आईएचसी) में आयोजित किया जा रहा है। यह समारोह 20 से 28 अक्टूबर तक आयोजित किया जाएगा। यह जानकारी हैबिटेट वर्ल्ड के कार्यक्रम निदेशक विद्युन सिंह ने दी।
नौ दिवसीय इस समारोह में 15 सर्वश्रेष्ठ भारतीय नाटकों प्रस्तुति दी जाएगी। ये सभी नाटक चेन्नई, बैंगलोर, कोलकाता, हैदराबाद, पुणे, मुंबई और केरल से आये कलाकारों द्वारा दिया जाएगा।
आम लोगों से संवाद की एक अद्भुत आवाज और भाषा के साथ संरेखित ये नाटक, पूरे देश से रंगमंच प्रथाओं के महत्वपूर्ण पहलुओं को प्रस्तुत करेंगे। यह एक ऐसी श्रृंखला होगी जो भारतीय रंगमंच के शुरुआती दौर से लेकर अब तक की यात्रा को प्रतिबिंबित करेगी।
समारोह की शुरुआत सबसे पुराने कुटियट्टम (केरल से) संस्कृत रंगमंच की प्रस्तुति से होगी। कुटियट्टम को यूनेस्को द्वारा ‘मानवता की मौखिक और अमूर्त विरासत की उत्कृष्ट कृति’ के रूप में मान्यता दी गई है। 
इस समारोह का लाइव ब्रॉडकास्ट किया जाएगा। यह पहली बार होगा जब किसी राष्ट्रीय रंगमंच का लाइव ब्रॉडकास्ट होने जा रहा है।
इसकी घोषणा करते हुए विद्युन सिंह ने कहा कि मैं भारत के समक्ष भारतीय रंगमंच के भविष्य की झलक प्रस्तुत करते हुए अत्यंत उत्साहित हूं। सबसे पुराने फेस्टिवल का 17वां संस्करण सबसे मनोरंजक औऱ सुखद अनुभव देगा।
इस श्रृंखला में दो शानदार महिला प्रधान प्रस्तुतियां भी हैं। पहली 'बियांड बॉडर्स' जो राष्ट्रीयता, जाति, रंग, लिंग, शरीर और दिमाग के भेदभाव को दर्शाती हैं और 'देख बहन' एक खट्टी-मीठी कॉमेडी है। इसके अलावा इस समारोह में और भी कई महिला केन्द्रित प्रस्तुतियां दी जाएंगी, जिसमें 'आइटम', 'द लीजेंड ऑफ इला', एक पौराणिक कथानक और लैंगिकता और विलक्षणता की एक रोमांचक संगीतमय प्रस्तुति है, जबकि 'भागी हुई लड़कियां'। 
इन सब के इतर समारोह में थिएटर लाइट की लाइट डिजाइनर, येल क्रिशना द्वारा एक कार्यशाला आयोजित की जाएगी।

Todays Headlines