Today's Top News

img
विज के खिलाफ दायर मानहानि केस की अगली सुनवाई 9 सितंबर को

हिसार, 22 मई (न्यूज़ डीएनएन): प्रदेश की भाजपा-जजपा सरकार के दो शीर्ष व पावरफुल मंत्रियों दुष्यंत चौटाला व अनिल विज के खिलाफ हिसार की अदालत में कानूनी जंग अभी भी जारी है। भाजपा सरकार की पहली पारी के समय जब दुष्यंत चौटाला सांसद थे तो उन्होंने उस समय स्वास्थ्य विभाग देख रहे अनिल विज के खिलाफ मान​हानि का दावा हिसार की अदालत में दायर किया था।

इनेलो के सांसद के रूप में दुष्यंत चौटाला ने स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज के खिलाफ मुख्य न्यायिक अधिकारी (सीजेएम) की अदालत में सात जुलाई, 2018 को मानहानि का केस दायर किया था। उनका आरोप है कि अनिल विज ने दुष्यंत चौटाला को कथित रूप से नशेड़ी कहा था। दुष्यंत चौटाला ने इसमें कहा है कि उन्होंने 18 मार्च, 2018 को स्वास्थ्य विभाग में करोड़ों रुपये की दवा एवं उपकरण की खरीद में हुए घोटाले को उजागर किया था। उसके बाद उस समय के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने घोटाले की जांच कराने के बजाय 3 अप्रैल, 2018 को प्रेस कान्फ्रेंस में उन्हें नशेड़ी बताकर किसी नशा मुक्ति केंद्र से अपना इलाज कराने की बात कही थी। 

दुष्यंत ने इसे अपनी मानहानि माना और उनकी ओर से स्वास्थ्य मंत्री को नोटिस जारी कर सार्वजनिक रूप से माफी मांगने को कहा था। लेकिन निर्धारित समय सीमा में विज की ओर से इसका कोई जवाब नहीं आया। इस पर सांसद ने अदालत का रूख किया व अदालत में स्वास्थ्य मंत्री के खिलाफ इस्तगासा दायर कराया। इन धाराओं में अपराध सिद्ध होने पर दो साल तक की सजा और जुर्माना हो सकता है। अनिल विज के इस केस की वाचिंग हिसार के एडवोकेट आत्मप्रकाश रहेजा कर रहे हैं। उस समय ज्यूडीशियल मजिस्ट्रेट ने दुष्यंत के केस की सुनवाई करते हुए मामले की अगली सुनवाई के लिए 14 अगस्त, 2018 की तिथि निर्धारित की थी। उसके बाद आज तक इस केस की 26 से भी ज्यादा बार सुनवाई हो चुकी है व इस केस की सुनवाई करने वाले तीन से भी ज्यादा न्यायाधीश बदल चुके हैं। इस केस में कुल 12 लोगों को गवाह बनाया गया था जिसमें पत्रकार भी शामिल थे। लॉकडाऊन के कारण अब अदालत इस पर 9 सितंबर, 2021 को सुनवाई करेगी। 

test

You Might Also Like