धनबाद, 08 सितंबर (हि.स.)। धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (एसएनएमएमसीएच) में सेवा दे रहे पारा मेडिकल छात्रों के सामने आर्थिक संकट की स्थिति उत्पन्न हो गई है। करीब छह से सात महीने से मानदेय नहीं मिलने से नाराज बड़ी संख्या में पारा मेडिकल छात्र मंगलवार को अपनी मांगों को लेकर सिविल सर्जन कार्यालय पहुंचे। छात्रों का कहना है कि सरकार की बांड आधारित सेवा शर्तों के तहत वे अस्पताल के अलग-अलग विभागों में लगातार अपनी सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन सेवा के एवज में मिलने वाला मानदेय अब तक नहीं मिला है।
सिविल सर्जन के छुट्टी पर रहने के कारण छात्रों ने सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ संजीव कुमार से मुलाकात की और अपनी समस्याएं उनके सामने रखीं। छात्रों ने जल्द से जल्द बकाया मानदेय का भुगतान कराने की मांग की।
यह मामला 2023-25 बैच के करीब 50 पारा मेडिकल छात्रों से जुड़ा है। छात्रों के मुताबिक उनकी सेवा मार्च महीने से शुरू हुई थी। सेवा शुरू हुए करीब छह से सात महीने बीत चुके हैं, लेकिन अभी तक किसी भी छात्र को मानदेय का भुगतान नहीं किया गया है।
छात्रों का कहना है कि वे अस्पताल के विभिन्न विभागों में टेक्नीशियन के पद पर नियमित रूप से अपनी ड्यूटी कर रहे हैं। सरकार की बाैंड आधारित सेवा व्यवस्था के तहत काम करने के एवज में प्रत्येक छात्र को 12 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जाना है।
छात्र राम कुमार वर्मा ने कहा कि लगातार सेवा देने के बावजूद मानदेय नहीं मिलने से उनके सामने पढ़ाई, रहने और रोजमर्रा के खर्च को लेकर परेशानी खड़ी हो रही है। छात्रों ने अधिकारियों से मामले में जल्द पहल करते हुए बकाया राशि का भुगतान कराने की मांग की है।
वहीं छात्रा स्वीटी कुमार का कहना है कि वे अपनी जिम्मेदारी से पीछे नहीं हट रहे हैं और अस्पताल में लगातार सेवा दे रहे हैं। ऐसे में उन्हें उम्मीद है कि संबंधित विभाग उनकी समस्या को गंभीरता से लेते हुए जल्द भुगतान की प्रक्रिया पूरी करेगा।