अभिनेत्री रानी मुखर्जी को भारतीय सिनेमा और सामाजिक क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए 17वें इंडियन फिल्म फेस्टिवल ऑफ मेलबर्न (आईएफएफएम) 2026 में प्रतिष्ठित मानद 'डॉक्टर ऑफ लेटर्स' उपाधि से सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान उन्हें ऑस्ट्रेलिया के ला ट्रोब विश्वविद्यालय की ओर से 14 अगस्त, 2026 को मेलबर्न के फेडरेशन स्क्वायर में आयोजित विशेष समारोह के दौरान प्रदान किया जाएगा। इस घोषणा के बाद रानी के प्रशंसकों और फिल्म जगत में खुशी की लहर है।
इस सम्मान पर प्रतिक्रिया देते हुए रानी मुखर्जी ने कहा कि मानद डॉक्टरेट प्राप्त करना उनके लिए बेहद गर्व और खुशी की बात है। उन्होंने कहा कि सिनेमा उनके जीवन का सबसे बड़ा शिक्षक रहा है और इसी माध्यम ने उन्हें दुनिया भर के दर्शकों से जोड़ने का अवसर दिया। रानी ने कहा कि मेलबर्न का भारतीय फिल्म महोत्सव लगातार वैश्विक स्तर पर भारतीय सिनेमा का गौरव बढ़ाता रहा है, ऐसे मंच पर यह सम्मान मिलना उनके लिए और भी खास बन जाता है। उन्होंने अपने अभिनय सफर को याद करते हुए कहा कि उन्हें ऐसी कहानियों का हिस्सा बनने का अवसर मिला, जिन्होंने साहस, संघर्ष और उम्मीद का संदेश लोगों तक पहुंचाया।
रानी ने यह सम्मान भारत और दुनिया भर के उन दर्शकों को समर्पित किया, जिनके प्रेम और समर्थन ने उन्हें एक सफल अभिनेत्री बनने की प्रेरणा दी। गौरतलब है कि आईएफएफएम 2026 का आयोजन 13 से 23 अगस्त तक विक्टोरिया सरकार के सहयोग से मेलबर्न में होगा। इस महोत्सव में विभिन्न देशों के फिल्मकार, कलाकार और सिनेमा प्रेमी हिस्सा लेकर भारतीय सिनेमा का उत्सव मनाएंगे।